वज़ीर बाग की करोड़ों की भूमि पर कब्जे का आरोप, जांच की मांग तेज

वज़ीर बाग की करोड़ों की भूमि पर कब्जे का आरोप, जांच की मांग तेज

लखनऊ। राजधानी के वज़ीर बाग स्थित गाटा संख्या 559, 560, 561 एवं 565 की भूमि को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया है कि नवाब मिर्ज़ा खुर्शम बख्त की बताई जा रही इस भूमि को कथित रूप से गलत तरीके से दूसरे के नाम दर्ज कराकर अवैध प्लाटिंग और निर्माण कराया जा रहा है। मामले को लेकर क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि पुराने राजस्व अभिलेखों में उक्त भूमि नवाब मिर्ज़ा खुर्शम बख्त के नाम दर्ज है तथा उनके वारिस आज भी मौजूद हैं। इसके बावजूद कुछ लोगों द्वारा कथित मिलीभगत के जरिए भूमि पर प्लाटिंग कर निर्माण कार्य शुरू करा दिया गया है। इससे क्षेत्र में विवाद की स्थिति बनी हुई है।

निवासियों का आरोप है कि प्रदेश सरकार के अवैध निर्माण के विरुद्ध सख्त निर्देशों के बावजूद संबंधित भूमि पर निर्माण कार्य जारी है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित विभागों की लापरवाही अथवा कथित मिलीभगत के कारण अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।

क्षेत्रवासियों ने जिला प्रशासन से भूमि के राजस्व अभिलेखों की गहन जांच कराने, स्वामित्व की स्थिति स्पष्ट करने तथा यदि किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। समाचार लिखे जाने तक इस मामले में जिला प्रशासन, लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) और पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था।